GDPR kya hai ? इससे क्या फायदा है

Full form of GDPR is General Data Protection Regulation आज के इस पोस्ट में इसके बारे में जानेंगे की आखिर ये क्या है और क्यों आप सभी इन्टरनेट user को इसके बारे में जानकारी लेना बहुत ही ज्यादा जरूरी है और इतना ही नही अगर आप एक वेबसाइट चला रहे है या भविष्य में वेबसाइट चलाएंगे तो इसको जरुर जान ले |

दोस्तों , अभी हाल फ़िलहाल में आपको Cambridge Analytica वाली घटना तो जरुर याद होगी जिसमे हुआ ये था की facebook user की डाटा लीक की बात हुयी थी और तब से हम सभी इन्टरनेट user के दिमाग में यही चलता है की यार हम सब जिस भी वेबसाइट पर आपना information डालते है वो वेबसाइट का मालिक आपके सारी Information को sell कर देता है |

आपको थोड़ी details में समझाता हूँ , जब आप कही पर भी अपना इनफार्मेशन डालते है तो आप ये मान कर चलते है की आपकी सारी data एकदम सुरक्षित रहेगी और किसी दुसरे के हाथ में नही जाएगी और वो data क्या होगा ? वो डाटा है आपकी privacy जैसे की आप कब क्या करते है क्या पसंद करते है या आपका location के साथ साथ आपका मोबाइल नंबर या email ID ये सब आपकी डाटा है लेकिन जैसे ही आप किसी वेबसाइट पर आप ये इनफार्मेशन डालते थे तो वो लोग आपके डाटा के बदले बड़ी बड़ी कंपनी से पैसा ले कर sell कर देते थे |

जब ये बात सामने आई तो पुरे दुनिया में privacy को ले कर चिंता हुयी और EU means यूरोपियन यूनियन में पराने law 1995 में था उसको बदल कर GDPR लाया जिसको 25 May 2018 से लागु किया जायेगा |

अब समझते है इस GDPR के अंदर क्या क्या आपको फायदा मिलेगा |

GDPR full form

एक तरह से समझ लीजिये की अब सभी इन्टरनेट user tension free रहेंगे जब भी किसी भी वेबसाइट पर अपना details डालेंगे तो क्योकि जितने भी वेबसाइट EU region में आयेंगे सबको ये rules follow करनी होगी इतना ही नहीं अगर आपका वेबसाइट भले इंडिया से हो लेकिन आपका user अगर दुसरे जगह से आएगा तो आपको भी rules follow करना होगा अगर आप एक वेबसाइट के मालिक है तो, इसलिए एक तरह से कह सकते है ये law सभी के लिए है |

इसमें आपको 5 right इन्टरनेट user को दिया गया है :

  • Right to be forgotten
    इसमें होगा ये की जब भी किसी भी वेबसाइट पर आप अपना डाटा रखेंगे तो एक user के हिसाब से कभी भी आप अपना सारा डाटा erase means डिलीट करवा सकते है कंपनी के server पर से , आपको अगर लगता है की नहीं आपका जो personal data है वो कंपनी के server पर नही होनी चैये या इसके कही भी storage डिवाइस में न रहे तो जब आपको लगे आप कंपनी को बोल कर की आपके पास मेरा जो डाटा है उसको डिलीट कर दीजिये तो कंपनी को करना होगा | जैसे अगर आपका डाटा facebook के  server पर है चाहे वो पिक्चर हो या कोई भी details सब डिलीट करवा सकते है |
  • Right of access
    अगर आपका डाटा कही भी किसी कंपनी के पास है तो आपको ये power मिल जाता है की आप कंपनी से वो सब details मांग सकते है की आपने मेरा कौन कौन सा डाटा अपने server पर store करके रखा है और इस law के तहत आपके पास आपके डाटा का access power पूरा है |
  • Right to object
    आपने अगर किसी कंपनी को अपना personal डाटा दिया है जैसे की facebook के case में होता है तो आप कभी भी कंपनी को मना कर सकते है की आपके डाटा को दुसरे काम के लिए इस्तेमाल नही कर सकते है , लेकिन रुकिए , कंपनी अगर ये proof कर देगा की आपने उसके term and condition को accept किया है इस्तेमाल करने के लिए तो वो कर सकता है |
  • Right to rectification
    आपको GDPR के अंदर ये power मिलेगा की अगर आपको लगता है कंपनी के पास जो डाटा है वो गलत है तो कभी भी उसको correct करवा सकते है |
  • Right of portability
    इसमें आपको अपने डाटा का portability का power मिलता है जिसमे आप अपने डाटा को कभी भी एक जगह से दुसरे जगह port कर सकते है |

एक चीज आपको ये समझा दूँ की जैसे आपके पास power मिलता है इस law के तहत उसी तरह अगर कंपनी ये पूफ कर दे की आप खुद उनके term and condition को accept किये है और जिस जिस terms के अनुसार वो आपके डाटा का इस्तेमाल कर सकते है तो वो खुद के इस्तेमाल के लिए कर सकता है |

इससे किसको होगा फायदा ?

फायदा तो आपको ही होगा क्योकि overall आपका डाटा है और आपके डाटा का misuse न हो इसके लिए ये law लाया गया है | अब आपको बताता हूँ कैसे होगा फायदा ,

अब कोई भी कंपनी आपके डाटा को किसी गलत काम के लिए नही sell कर सकता है

आपको जो आपके ईमेल में बहुत सारे spam email आता था वो दिक्कत अब आपको नही होगी क्योकि सबसे ज्यादा लोगो का email ID बेचा जाता था |

जब भी कोई भी वेबसाइट आपका ईमेल id मांगेगा या कोई भी डाटा जो आपका private या personal डाटा है तो उसको ये बताना होगा की आपके डाटा को वो collect क्यों कर रहा है और उसका इस्तेमाल किस तरह करेगा जैसे की google आपके location को भी trace करता है तो वो बताएगा की कैसे आपके location वाली सुचना को सुरक्षित रखेगा या ईमेल id है तो उसको क्योकि अपने पास collect करेगा |

आशा करता हूँ की आपको ये समझ आगया होगा की GDPR kya hai ? इससे क्या फायदा है